स्व सहायता समूह में निवेश का झांसा देकर महिलाओं से लोन निकलवाकर रकम हड़पने वाली महिला गिरफ्तार

दुर्ग: स्व सहायता समूह में निवेश कर लाभ कमाने का लालच देकर महिलाओं के नाम पर लोन निकलवाने और रकम हड़पने के मामले में जामुल पुलिस ने एक महिला को गिरफ्तार किया है। पुलिस के अनुसार, आरोपिया ने महिलाओं से मुद्रा लोन और पर्सनल लोन करवाकर उनकी रकम खुद हासिल की और इस्तेमाल की। मामले में करीब 15 लाख रुपये की धोखाधड़ी की शिकायत सामने आई है।
पुलिस को 20 अगस्त 2026 को ग्राम कुरूद निवासी श्रीमती त्रिवेणी साहू की शिकायत मिली थी। शिकायत में आरोप लगाया गया कि ग्राम कुरूद की रहने वाली विद्या साहू (33 वर्ष) महिलाओं को स्व सहायता समूह में पैसा लगाने पर लाभ मिलने की बात कहकर अपने विश्वास में लेती थी। इसके बाद उनके नाम से मुद्रा और पर्सनल लोन निकलवाए जाते थे।
लोन की रकम खुद लेती थी आरोपिया
शिकायत के मुताबिक, लोन स्वीकृत होने के बाद उसकी रकम आरोपिया खुद प्राप्त कर उपयोग करती थी। इसके अलावा संबंधित महिलाओं के एटीएम कार्ड, बैंक पासबुक और अन्य दस्तावेज भी अपने पास रखे जाते थे। इस तरीके से कई महिलाओं से करीब 15 लाख रुपये की धोखाधड़ी किए जाने की शिकायत पुलिस तक पहुंची।
मामले की गंभीरता को देखते हुए जामुल थाना पुलिस ने अपराध क्रमांक 592/2026 दर्ज कर धारा 318(4) बीएनएस के तहत जांच शुरू की। पुलिस टीम ने तत्काल आरोपिया की तलाश शुरू की और घेराबंदी कर उसे पकड़ लिया।
दस्तावेज और बैंकिंग कार्ड बरामद
पुलिस के अनुसार, पूछताछ में सामने आए तथ्यों के आधार पर आरोपिया द्वारा महिलाओं के नाम पर लोन निकलवाकर रकम प्राप्त करने और उसे खर्च करने की जानकारी मिली। पुलिस ने उसके कब्जे से लोन कार्ड, बैंक पासबुक, एटीएम कार्ड, मजदूर कार्ड और आधार कार्ड जब्त किए हैं।
आरोपिया विद्या साहू, निवासी भाठापारा बाजार चौक, ग्राम कुरूद को 21 अगस्त 2026 को विधिवत गिरफ्तार कर न्यायिक रिमांड पर भेज दिया गया है। मामले में पुलिस वित्तीय लेनदेन और अन्य संबंधित तथ्यों की भी जांच कर रही है।
पुलिस ने लोगों को किया सावधान
दुर्ग पुलिस ने नागरिकों से अपील की है कि किसी भी स्व सहायता समूह, निवेश या लोन योजना में शामिल होने से पहले संबंधित संस्था और योजना की वैधता की जांच जरूर करें। पुलिस ने लोगों को अपने बैंक पासबुक, एटीएम कार्ड, आधार कार्ड या अन्य वित्तीय दस्तावेज अनावश्यक रूप से किसी दूसरे व्यक्ति को नहीं देने की सलाह दी है।
पुलिस ने कहा कि वित्तीय धोखाधड़ी की स्थिति में बिना देरी किए नजदीकी थाना या पुलिस को सूचना दें, ताकि समय रहते कार्रवाई की जा सके।















